उन्नीसवीं शताब्दी के आरंभ में ब्रिटिश भारतीय प्रशासन में मूलभूत परिवर्तन लाने का श्रेय किस विचारधारा को दिया जाता है?
- Aस्वच्छंदतावाद
- Bवणिकवाद
- Cउपयोगितावाद
- Dप्रत्यक्षवाद
उत्तर और व्याख्या देखें
सही उत्तर: (c) उपयोगितावाद
व्याख्या
उन्नीसवीं शताब्दी के आरंभ में जेरेमी बेंथम और जेम्स मिल के दर्शन उपयोगितावाद ने भारत में ब्रिटिश शासन को गहराई से प्रभावित किया। यह कानूनों और सरकारों को इस आधार पर परखता था कि वे "अधिकतम लोगों का अधिकतम सुख" लाते हैं या नहीं। इसके अनुयायी अच्छे कानूनों और कुशल प्रशासन से भारतीय समाज को नया रूप देना चाहते थे।
*द हिस्ट्री ऑफ़ ब्रिटिश इंडिया* के लेखक और ईस्ट इंडिया कंपनी में कार्यरत जेम्स मिल, तथा गवर्नर-जनरल विलियम बेंटिक इससे प्रभावित थे। इसके फलस्वरूप कानूनों का संहिताकरण (मैकाले की भारतीय दंड संहिता), कानूनी और भू-राजस्व सुधार, और सामाजिक सुधार हुए।