मध्यकाल में 'बंटाई' शब्द का अर्थ क्या था?
- Aधार्मिक कर
- Bलगान निर्धारण की प्रणाली
- Cधन कर
- Dसंपत्ति कर
उत्तर और व्याख्या देखें
सही उत्तर: (b) लगान निर्धारण की प्रणाली
व्याख्या
मध्यकाल में बंटाई शब्द लगान निर्धारण की उस पद्धति को कहते थे, जिसमें वास्तविक उपज का बंटवारा राज्य और किसान के बीच होता था। शेरशाह सूरी ने लगान निर्धारण के लिए तीन प्रणालियां अपनाईं—(1) नस्क या मुक्ताई या कनकूत, (2) नकदी या जब्ती, और (3) गल्ला बख्शी या बटाई (बंटाई)। बंटाई तीन प्रकार की होती थी—
(1) खेत बटाई, (2) लंक बटाई और (3) रास बटाई।