सविनय अवज्ञा आंदोलन की असफलता के बाद गांधी जी ने महत्व दिया:
- Aरचनात्मक कार्यक्रमों को
- Bहिंसा के सीमित प्रयोग को
- Cअंग्रेजों से समझौते को
- Dउपर्युक्त में से कोई नहीं
उत्तर और व्याख्या देखें
सही उत्तर: (a) रचनात्मक कार्यक्रमों को
व्याख्या
सविनय अवज्ञा आंदोलन की असफलता के बाद गांधी जी ने रचनात्मक कार्यक्रम पर बल दिया। 1934 ई. में गांधी जी ने अपना पूरा समय हरिजन उत्थान में लगाने के लिए सक्रिय राजनीति से हटने का निर्णय लिया। सितंबर, 1932 में उन्होंने हरिजन कल्याण के लिए 'अखिल भारतीय अस्पृश्यता विरोधी लीग' की स्थापना की और 1933 ई. में 'हरिजन' नामक साप्ताहिक समाचार-पत्र का प्रकाशन शुरू किया।