त्रिलोचनपाल के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही हैं?
- 1. ताम्रपत्र अभिलेखों में उसे महामंडलेश्वर की उपाधि दी गई।
- 2. उसके अभिलेख एकल्लहार गाँव के एक ब्राह्मण को दान का उल्लेख करते हैं।
- 3. उसके वंश की पौराणिक उत्पत्ति चुलुक नामक पात्र से जोड़ी जाती है।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:
- Aकेवल 1 और 2
- Bकेवल 2 और 3
- C1, 2 और 3
- Dकेवल 1 और 3
उत्तर और व्याख्या देखें
सही उत्तर: (c) 1, 2 और 3
व्याख्या
तीनों कथन सही हैं।
त्रिलोचनपाल 11वीं शताब्दी ई. में लाट के चौलुक्यों (दक्षिण गुजरात) का शासक था। उसका 1050 ई. का ताम्रपत्र दान-लेख (सूरत ताम्रपत्र):
- उसे महामंडलेश्वर, यानी एक बड़े सामंत, की उपाधि देता है;
- एकल्लहार गाँव के एक ब्राह्मण को दान का उल्लेख करता है;
- यह कथा बताता है कि पहले चौलुक्य की उत्पत्ति ब्रह्मा के चुलुक (जलपात्र, या अंजलि में भरा जल) से हुई, जिससे वंश का नाम पड़ा।