शेरशाह के प्रशासन के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- I. शेरशाह का साम्राज्य सैंतालीस सरकारों में बँटा था। मुख्य शिकदार (कानून-व्यवस्था) और मुख्य मुंसिफ़ (न्यायाधीश) हर सरकार के प्रशासन के प्रभारी दो अधिकारी थे।
- II. हर सरकार कई परगनों में बँटी थी।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
- Aकेवल I
- Bकेवल II
- CI और II दोनों
- Dन तो I और न ही II
उत्तर और व्याख्या देखें
सही उत्तर: (c) I और II दोनों
व्याख्या
दोनों कथन सही हैं।
- कथन I: शेरशाह ने अपना साम्राज्य लगभग 47 सरकारों में बाँटा। हर सरकार में दो मुख्य अधिकारी थे: कानून-व्यवस्था के लिए मुख्य शिकदार (*शिकदार-ए-शिकदारान*), और दीवानी मामलों व राजस्व के लिए मुख्य मुंसिफ़ (*मुंसिफ़-ए-मुंसिफ़ान*)।
- कथन II: हर सरकार परगनों में बँटी थी; हर परगने में एक शिकदार, एक अमीन (भू-राजस्व के लिए), एक फ़ोतेदार (खज़ांची) और कारकुन (लिपिक) होते थे।
बाद में मुगलों ने इस प्रणाली का अधिकांश भाग बनाए रखा।