मरीचिका का कारण है
- Aप्रकाश का व्यतिकरण
- Bप्रकाश का विवर्तन
- Cप्रकाश का ध्रुवण
- Dप्रकाश का पूर्ण आंतरिक परावर्तन
उत्तर और व्याख्या देखें
सही उत्तर: (d) प्रकाश का पूर्ण आंतरिक परावर्तन
व्याख्या
मरीचिका एक प्रकाशीय भ्रम है, जो अलग-अलग घनत्व वाली वायु की परतों में प्रकाश के पूर्ण आंतरिक परावर्तन से बनता है।
गर्म जमीन निचली वायु को गर्म करके विरल बना देती है; आकाश से आने वाला प्रकाश मुड़ते-मुड़ते क्रांतिक कोण पार कर लेता है और वापस परावर्तित होता है, जो पानी जैसा दिखता है।
व्यतिकरण, विवर्तन और ध्रुवण असंबंधित तरंग प्रभाव हैं, इसके कारण नहीं।